Hindi Love Poem for Friendship – बचपन


वो बचपन अच्छा था
ये जवानी हार गई स्कूल के दिन अच्छे थे
ये कॉलेज की इंजीनियरिंग मार गई
वो मोज मस्ती तो स्कूल की थी
जहाँ पहली से ना छोड़ा दसवीं तक का साथ
वो स्कूल नहीं परिवार था
जहां सब एक दूसरे के लिए मरते थे
बिछडने का ना ग़म कोई और खुशी के पल साथ जिया करते थे
टिफिन कोई लाता था और खा कोई जाता था
पर भूखा कोई ना जाता था
फिर युँ निकले दिन और रातें
फिर शरुआत कॉलेज कि हुई
नऐ दोस्त नया परिवार फिर बनाने जा रहा था
अपने दिल को फिर से बहला रहा हूँ
वो मोज मस्ती शायद यहाँ भी हो पर
यहाँ ना कोई प्यार ना कोई परिवार
मतलब से मतलब रखता है
यहाँ हर एक इंसान दुनिया मानो मतलबी सी है
इसका एहसास कॉलेज मे आकर पता चला
फिर सोचा इससे अचछा तो स्कूल था
वो छुट्टी की घंटी सुनते ही वो भाग के कमरे से बाहर आना
फिर हँसते हँसते दोस्तों से मिल जाना
काश वो दोस्त आज भी मिल जाते
दिल में फिर से बचपन के फूल खिल जाते… !!!

-रोहित

Wo bachapan achha tha
Ye jawaani haar gai School k din ache the
Ye college ki engineering mar gai
Wo moj masti to school ki thi
Jaha pheli(1st) se na chhoda dasvi(10th) tk sath tha
Wo school ni pariwar tha
Jaha sb ek dusre k liye marte the
Bichadne ka na gam koi Or Khushi k pal sath jiya krte the
Tiffin koi lata tha or kha koi jata tha
Pr bhuka koi na jata tha
Phir uh nikle din or nikli raate
Fir shurat college ki hui
Naye dost naya pariwar dubara bnane ja rha hu
Apne dil ko fir se behla rha hu
Wo moj masti shyd
yaha bhi ho Pr yaha Na koi pyar na koi parwar
Mtlb se mtlb rkhta ha
yaha hr ek insaan Duniya mano matlbi si ha
Is ka ehsaas college me aakr pta chal
Fir socha ise acha to school tha
wo Chhutti ki ghanti sunte hi wo bhag ke kamre se bahar aana
Fir hanste hanste doston se mil jaana
Kaash woh dost aaj bhi mil jaate
Dil mein fir se bachpan ke phool khil jaaye..!!

– Rohit

Hindi Love Poem – तक़दीर का खेल


काली पन्नों में लिखें तकदीरें
बने रिश्तों की गवाही
जनम जनम के कस्मे वादे
बने टूटे दिल की परचाई
बादलों की मेरी ये
महल में छा गयी
तन्हाई हमारी हर वो
याद में जान है समायी
चहरे पे मुस्कान लिए
पीछे आँसू है छिपाई

~स्वेता

Kaali pannom me likhe takdeere
Bane rishton ki gavahi
Janam janam ke kasmevadey
Bane tute dil ki parchayi
Baaalon ki meri ye
Mehal me cha gayi
Tanhayi hamari har vo
Yaad me jaan hi samayi
Chehre pe muskan liye
Peeche aansu hi chipayi

~ Swetha

Hindi Poem For Girlfriend-पता नहीं


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पता नहीं किसकी दुनिया में खो गया हूँ
प्यार की किस्ती में बैठ, साहिल की खोज में सो  गया हूँ
ऐसी क्या कमी है मुझमे जिसे देख कोई प्यार करने से डरता है
उन्हें कोई ये समझाओ , “नादानी है ये उसकी जो ये हद से ज्यादा प्यार करता है ।  “
थक गया हूँ  प्यार की तलाश में
ज़िंदगी से रुठ  गया हूँ,  महोब्बत की खराश में
कही ऐसे न हो प्यार से मेरा भरोसा उठ जाये
चलते चलते , मेरे हाथों नसीब का  गला  न घूट  जाये
ऐ  प्यार तुझे रब दा वास्ता कभी मेरी भी फ़िक्र कर लिया कर
जिससे मोहब्बत करू ,उसके दिल से जा कर  मेरी थोड़ी ज़िकर भी कर लिया कर
हर पल धीरे धीरे मरने से अच्छा  मुझे  एक पल में साफ कर  देना
उसके बाद हो सके तो , इस बदनसीब दिल को दिल से माफ़ कर देना

 

– निखल कुमार पटवारी

Hindi Miss You Poem for Girlfriend – इंतज़ार


ढलती

ढलती हुई शाम में आज भी उनका इंतज़ार है
थक के ये आँखें बोझिल होने लगी हैं फिर भी उनका इंतज़ार है
सोच के ये दिल मुस्कुरा देता है की नहीँ हैं
बेवफा वो। कम से कम जीने का सहारा ख्वाबों में तो दिया करती हैं
जब भी ख्वाबों में मुलाकात होती हैं
वो हमेशा मिलूंगी वादा करके सुबह कहीं चली जाती हैं
और सुबह फिर से उनका इंतेजार किया करता हूँ
समय तो रेत की तरह हाथों से फिसल रहा है
कई बरसाते आई और चली गयीं पर कोई बारिस की बूँद मुझे भिगो न पायी
ठण्ड की सिहरन तो बहुत लगी पर उस सिहरन में तेरी गर्मी का एहसास न था
हवा का झोंका जब भी मुझसे टकराया तेरी यादो की खुश्बू को लाया
सावन,सर्द हवाएं,सुबह की किरन,ओस की बूँद,चाँदनी सब से तेरी बातें किया करता हूँ
मेरी साँसें आज साथ छोड़ती सी लग रहीँ हैं
पर बन्द होती आँखों को आज भी तेरा इंतज़ार है
की सपना देख लूँ आज की तू हकीकत में आ गयी है
आज फिर से गले लगाया है
और सो गया हूँ मैं तुझे दिल में बसा के कभी ख़त्म न होने वाले सपने की तरह
की अब ये इंतज़ार साँसों के साथ खत्म होता सा लग रहा है

~ गौरव

Hindi Love Song for Girlfriend: ओ मेरी जाना


O jaane jana

ओ  मेरी जाना
मैं तेरा दिवाना
ओ जाने जाना
दूर ना जाना
वादा निभाना ||
तेरी आँखे
प्यारी बातें
हंसी मुलाकातें
यही मेरी यादें  ||
ओ जाने जाना
लौट के आना
मैं तेरा दिवाना  ||
तुझसे बिछडके
मैंने ये जाना
प्यार है तुझसे
ओ जाने जाना  ||

 

– अनुष्का सूरी

Hindi Love Poem for Girlfriend-वो आई नहीं


 

इन थमे थमे इन लम्हों में
प्यार के कुछ नगमो में
दिल मेरा तुमसे कहता है
वो आई नहीं वो आई नहीं
चलती हुई इन पवनो में
जो तेरी ख़ुश्बू बहती है
वो जिस्म को मेरे छू के कहती
वो आई नहीं वो आई नहीं
हर लम्हा तुझ बिन हँसता
मुझे कहता मैं हूँ दीवाना
कहता ये तो हुआ बावरा

तेरे सपने देखें नजरें
जागी जागी इन आँखों से
सोयें तुझे पलकों में बसाये
वो आई नहीं वो आई नहीं
हर लम्हा सोचें मुलाकात हो
होंठों से होंठों की कुछ बात हो
तुम भी करो शैतानियाँ

हाथों में हमदम का हाथ हो
तनहा सफ़र और चांदनी रात हो
तेरी मेरी मुलाकात में
बारिश का भी साथ हो
और दिल कहे तुझे थामके
जो अबतक ना कहा वो कह जाऊं
सजदे में तेरे झुक जाऊँ
तेरी गोद में रख के सिर को
थोड़ी देर मुस्का जाऊँ
और तू देख प्यार से कह जाये
मेरी ज़िन्दगी को पूरा कर दे
शामिल होकर मुझमेँ ताकि
ज़िन्दगी हँस के कह दे
तेरा प्यार तेरा हुआ
कहके गले वो लग जाये
ख्वाब मेरा सच हो जाये
दीवाना बन मैं भी चिल्लाऊं
-गौरव

Hindi Love Shayari for Girlfriend-तेरे बिना


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मेरे दिल का हाल बुरा है
तेरे बिना
तुझसे जुदा होकर जीना भी
क्या जीना
दिन लम्बे रातें तनहा
तेरे बिना
तुझको पुकारूँ मैं दिल से
आ जाना
तेरी मीठी बातें वो पायल की झंकार
सुना जाना
गली गली घूमूं तुझको चाहूँ
मिल जाना
तेरी याद में आवारा पागल
तेरा दीवाना

-अनुष्का सूरी