Hindi Love Poem- तुम

मेरे हर सवाल का जवाब हो तुम
मैं लहर तो दरिया हो तुम
पूछने की गलती अब मत करना तुम-
कौन है यह तुम ?
मेरे हर लफ्ज़ का मतलब हो तुम
मैं रांझा तो मेरी हीर हो तुम
क्या अब भी पूछोगी तुम
कौन है यह तुम ?
मैं गायक तुम मेरा गीत हो
तुम मेरे हर प्रयास का नतीजा हो तुम
एक बार आईने पर देखो तुम
हां वही जो खूबसूरत चांद का टुकड़ा दिख रहा है
वही हो तुम

~योगेन्द्र राज अंधेरिया

Mere har sawaal ka jawab ho tum
Me lehar to dariya ho tum
Pucchne ki galti ab mat karna tum –
kon hai ye ‘tum’ ?
Mere har lafz ka matlab ho tum
Me raanjha to meri heer ho tum
Kya ab bhi pucchogi tum –
kon hai ye ‘tum?’
Me gayak to mera geet ho
tum Mere har prayaas ka nateeja ho tum
Ek baar aaine pr dekho tum
Haan vahi jo khubsurat chand ka tukda dikh raha hai
vahi ho tum

~Yogendra Raj Andheriyaa

Miss You Love Poem- तेरी याद आये

नग़मे इश्क़ के कोई गाये तो तेरी याद आये
जिक्र मोहब्बत का जो आये तो तेरी याद आये

यूँ तो हर पेड़ पे डालें हज़ारों है निकली
टूट के कोई पत्ता जो गिर जाये तो तेरी याद आये

कितने फूलों से गुलशन है ये बगिया मेरी
भंवरा इनपे जो कोई मंडराये तो तेरी याद आये

चन्दन सी महक रहे इस बहती पुरवाई में
झोंका हवा का मुझसे टकराये तो तेरी याद आये

शीतल सी धारा बहे अपनी ही मस्ती में यहाँ
मोड़ पे बल खाये जो ये नदिया तो तेरी याद आये

शांत जो ये है सागर कितनी गहराई लिये
शोर करती लहरें जो गोते लगाये तो तेरी याद आये

सुबह का सूरज जो निकला है रौशनी लिये
ये किरणें हर ओर बिखर जाये तो तेरी याद आये

‘मौन’ बैठा है ये चाँद दामन में सितारे लिये
टूटता कोई तारा जो दिख जाये तो तेरी याद आये

-अमित मिश्रा

Nagme ishq mein koi gaye to teri yaad aaye
Zikr mohabbat ka aaye to teri yaad aaye

Yoon to har ped par dalein hazaro hai nikali
Toot ke koi patta jo gir jaye to teri yaad aaye

Kitne phulon se gulshan hai ye bagiya meri
Bhanvra inpe jo koi mandraye to teri yaad aaye

Chandan si mehek rahi is bahti purvai mein
Jhonka hawa ka mujhse takraye to teri yaad aaye

Sheetal si dhara bahey apni hi masti mein yahan
Mod pe balkhaye jo ye nadiya to teri yaad aaye

Shant jo hai ye sagar kitni gehrai liye
Shor karti lehre jo gotey lagaye to teri yaad aaye

Subah ka suraj jo nikla hai roshni liye
Ye kirne har or bikhar jaye to teri yaad aaye

Maun baitha hai ye chaand daman mein sitare liye
Toot-ta koi tara jo dikh jaye to teri yaad aaye

-Amit Mishra