Hindi Prem Kavita -प्यार की खातिर


फूलो सी सुन्दर प्यारी एक हसी की खातिर
हवा से झूमती पत्तियों की एक टहनी की खातिर
बादलों को चुमते आसमानी पंछियों की खातिर
आकश में टिमटिमाते अनगिनत तारों की खातिर
मेरी आखों में थोड़ी नमी की खातिर
मुझे तेरी खलती कमीं की खातिर
कि आजा अब मिलने मेरे प्यार की खातिर

Hindi Prem Kavita-फूलों  से तेरे चेहरे पर


फूलों  से तेरे नाज़ुक चेहरे पर खिलती है जब एक मुस्कान
सारे बगीचों में मच जाता है शोर सब भंवरे हो जाते हैं हैरान
यूँ तो तेरी मोहब्बत में सोचतें हैं हम भी पा लें कोई मुकाम
तेरे चाहने वालों की उस कतार में अपना भी एक हो जाये नाम
इश्क की गलियों से गुजरने वाले आशिक अक्सर हो जाते हैं बदनाम
पर तुझे इतना चाहने की तमन्ना है कि अपनी जुबां पर हो खुदा से पहले तेरा नाम

Hindi Kavita-रातों की चांदनी


रातों की चांदनी यूं जगमगाती है
तेरी लब पर हंसी जब खिलखिलाती है
चाँद सा रौशन ये जो तेरा चेहरा है
क्या कहें इस दिल पर अब बस तेरा पहरा है
दिल की किताब के हर पन्ने पर तेरा नाम है
ये तेरा आशिक तेरे इश्क में यूँ बदनाम है
तुझसे जुदा होने का आता जब खयाल है
क्या कहें बस सोच के होता ये दिल बेहाल है
तुझसे मिलने की बातें करने की अब मेरी एक चाह है
अब तू मेरे पास ही यु बैठ यही अपने प्यार की राह है

Hindi Love Poem for Her-कितना अच्छा है


तेरे चाहने वालों में अपना भी हो नाम
कितना अच्छा है
तेरे इश्क में आशिक हो जाये बदनाम
कितना अच्छा है
तेरे इश्क में अपनी खो जाये पहचान
कितना अच्छा है
तेरे इश्क में बीते अपनी सुबह और शाम
कितना अच्छा है
तेरे इश्क में अपना जो भी हो अंजाम
कितना अच्छा है
तेरे इश्क में अपनी जान भी हो कुर्बान
कितना अच्छा है
तेरे इश्क में भूला मैं तो सारा जहान
कितना अच्छा है
अब तू भी आजा हो जा मेहरबान
कितना अच्छा है